वो लड़की है, कुछ भी कर सकती है, ऐसा ही एक कारनामा कर दिखाया है पटना की रक्षा ने। जी हां, पटना निवासी रक्षा ने अपने क्रिएटिव आइडिया से सभी को चौंका कर रख दिया है। ऐसा बिजनेस आइडिया खोजा है, जिससे न सिर्फ लोग आकर्षित हो रहे हैं, बल्कि इस बिजनेस से रक्षा भी अच्छी कमाई कर रही हैं।
बिहार के अररिया निवासी रक्षा झा ने पुलिस स्टेशन के बगल में खड़ी एक कबाड़ बस से रेस्टोरेंट्स की शुरुआत की। रक्षा ने सबसे पहले इस खराब बस को देखा और फिर उसमें मरम्मत का काम पूरा किया। इस बस को डबल डेकर बस बनाया गया और साथ ही इसमें नए होटल का काम शुरू किया गया। उन्होंने इस बस को महफिल आन व्हील्स का नाम दे दिया है। बीते लंबे समय से इस बस के जरिए रक्षा ने लोगों का अपना ध्यान अपनी तरफ आकर्षित किया है।
उन्होंने डबल डेकर बस पर बने रेस्तंरा को एमडब्ल्यू बिस्त्रो नाम दिया है। इसका मतलब मिथिला वीमेन भी है। बिहार की राजधानी पटना में रेस्टोरेंट पाटलिपुत्र कॉलोनी में पीएनएम मॉल के पास लोयला स्कूल के सामने वाली गली में मौजूद है। दिलचस्प है कि बिहार का यह पहला बस कैफे है। इस कैफे में डबल डेकर बस के निचले फ्लोर पर कुर्सी टेबल पर बैठकर खाने की व्यवस्था की गई है। बस के ऊपर हिस्से में पार्टी का आयोजन भी किया जा सकता है। जहां पर फिल्म या फिर गाने के साथ खाने का आनंद उठाया जा सकता है।
अपने बस कैफे को लेकर रक्षा का प्लान काफी समय से रहा है। पढ़ाई पूरी करने के बाद घर से उन पर शादी का दबाव रहा। लेकिन उन्होंने बिजनेस को प्राथमिकता दी। उन्होंने एक अनोखा स्टार्टअप शुरू किया और बस पर खाने की महफिल सजाई। बेहद खूबसूरत इंटीरियर और लाइटिंग के बीच लजीज व्यंजनों का स्वाद भी इस बस कैफे की यूएसपी है। इस बस कैफे के परिसर में बाॅर्न फायर, झोपड़ी और हार्ट थीम पर भी बैठने की जगह बनाई गई है। बस ड्राइविंग केबिन में किचन भी है। जहां पर सफाई से खाना बनाया जाता है।