वर्ष 2025 शानदार साल रहा महिलाओं के लिए, क्योंकि इन सालों में उन्होंने कई कीर्तिमान स्थापित किये। आइए जानें विस्तार से।
बानू मुश्ताक
बानू मुश्ताक 2025 की सबसे चर्चित महिलाओं में से एक रही हैं। इस साल उनकी उपलब्धियों के बारे में खूब चर्चा रही। बता दें कि वह कर्नाटक के हासन की एक जानी-मानी भारतीय लेखिका, एक्टिविस्ट और वकील हैं। मई 2025 में, उन्होंने अपनी शॉर्ट स्टोरी कलेक्शन, हार्ट लैंप (हृदय दीप) के लिए इंटरनेशनल बुकर प्राइज जीतकर इतिहास रचा और ऐसा करने वाली वह पहली कन्नड़ भाषा की लेखिका बनीं। उनकी लेखनी दक्षिण भारत में मुस्लिम महिलाओं के जीवन और संघर्षों पर केंद्रित है, जिसमें प्रजनन अधिकार, आस्था, जाति और पितृसत्तात्मक उत्पीड़न जैसे मुद्दों को उठाया गया है। वह कर्नाटक में बंदया साहित्य (विद्रोही साहित्य) आंदोलन की एक प्रमुख हस्ती हैं, जो सामाजिक और आर्थिक अन्याय के खिलाफ विरोध करने के लिए साहित्य का इस्तेमाल करता है। बानू ने छह लघु कहानी संग्रह, एक उपन्यास, एक निबंध संग्रह और एक कविता संग्रह प्रकाशित किया है।
वर्षा देशपांडे
वर्षा देशपांडे ने दलित महिला विकास मंडल के ज़रिए लिंग-आधारित सेक्स सिलेक्शन के खिलाफ 30 साल की लड़ाई के लिए 2025 का यूनाइटेड नेशंस पॉपुलेशन अवॉर्ड मिला। उन्होंने 1988 में झुग्गी-झोपड़ी वाले इलाकों में महिलाओं के साथ काम करके अपनी यात्रा शुरू की। समाज सेवा के प्रति उनकी लगन उनकी पहचान का इतना अहम हिस्सा थी कि उनके पति, संजीव बोंडे ने उनकी शादी के लिए यह शर्त मान ली थी कि वह पूरी तरह से समाज सेवा के लिए समर्पित रहेंगी। वर्ष 2004 में शुरू हुआ यह आंदोलन महाराष्ट्र के आठ जिलों पर फोकस करता है, जहां बच्चों का लिंग अनुपात बहुत कम है। इस कैंपेन की वजह से करीब 500 केस दर्ज हुए हैं और दोषी डॉक्टरों को सजा भी मिली है।
जयश्री वेंकटेशन
चेन्नई के पल्लिकरनई मार्श सहित 44 वेटलैंड्स को फिर से ठीक करने के लिए 2025 में रामसर वेटलैंड कंजर्वेशन अवार्ड से सम्मानित किया गया और उनको यह सम्मान मिलना हम सबके लिए गौरव की बात है। जयश्री वेंकटेशन ने मार्च 2025 में ‘वेटलैंड वाइज यूज’ के लिए प्रतिष्ठित रामसर पुरस्कार जीतने वाली पहली भारतीय बनकर इतिहास रचा। उन्हें भारत की वेटलैंड्स, खासकर चेन्नई में महत्वपूर्ण पल्लिकरनई मार्श को बचाने के लिए दशकों से किए गए समर्पण, सामुदायिक प्रयासों और सस्टेनेबल तरीकों को बढ़ावा देने के लिए यह सम्मान मिला, जिससे वह वैश्विक वेटलैंड संरक्षण में एक महत्वपूर्ण हस्ती बन गयीं।
महिला क्रिकेट विश्व चैम्पियन
महिला क्रिकेट टीम ने इस बार इतिहास रच दिया। ऐसा पहली बार हुआ, जब महिला क्रिकेट टीम विश्व चैम्पियन बनीं। हरमनप्रीत कौर के नेतृत्व में उन्होंने एक अलग पहचान बनायीं। इस टीम की सदस्यों में स्मृति, जेमिमा, दीप्ति शर्मा और ऐसी तमाम लोकप्रिय खिलाड़ियों ने खास पहचान हासिल की।
ब्लाइंड वुमन वर्ल्ड कप भी जीता
शानदार बात यह रही कि न सिर्फ महिला क्रिकेट, बल्कि ब्लाइंड वुमन वर्ल्ड कप में भी महिला ने शानदार जीत हासिल की। ब्लाइंड वीमेन्स T20 वर्ल्ड कप 2025 पहला ऐसा ग्लोबल क्रिकेट चैंपियनशिप है, जो खास तौर पर नेत्रहीन महिला क्रिकेटरों के लिए है। इस बार भारतीय महिलाओं ने नेपाल को फाइनल में हरा कर वर्ल्ड कप हासिल किया।
जानवी जिंदल
सिर्फ 18 साल की उम्र में, वह स्केटिंग में भारत की सबसे कम उम्र की गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड होल्डर बन गयीं और उनके नाम 11 रिकॉर्ड हैं, जिसमें 30 सेकंड में 32 पूरे स्पिन शामिल हैं।